हरेली प्रकृति के प्रति कृतज्ञता, पशुधन के सम्मान और खेती-किसानी के गौरव का पर्व – मुख्यमंत्री श्री साय
शेयर करेंरायपुर // छत्तीसगढ़ की मिट्टी की सोंधी महक, खेत-खलिहानों की परंपराएं, लोकगीतों की स्वर लहरियां, मांदर की थाप, गेड़ी का उल्लास और पारंपरिक व्यंजनों की खुशबू – प्रदेश के…

हरेली प्रकृति के प्रति कृतज्ञता, पशुधन के सम्मान और खेती-किसानी के गौरव का पर्व – मुख्यमंत्री श्री साय
किसानों की समृद्धि से ही समृद्ध होगा छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री श्री साय
बिहान से आत्मनिर्भर बनीं शकुंतला राजवाड़े, कम लागत की खेती से बढ़ा आय का आधार
100 युवा कलाकारों की एक साथ लाइव बैंड प्रस्तुति बनी आकर्षण का केंद्र, देशभक्ति के गीतों ने बांधा समां
मुख्यमंत्री श्री साय ने छत्तीसगढ़ की प्रथम महिला सांसद और समाज सेविका मिनीमाता जी की पुण्यतिथि पर किया नमन
संत शिरोमणि गुरू रविदास की 650 वी जयंती एवं हरेली तिहार के अवसर पर जामुल पहुचेंगे विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह
75 दिनों तक चलने वाले इस ऐतिहासिक पर्व में निभाई जाएंगी पारंपरिक रस्में, दंतेश्वरी मंदिर प्रांगण में होगा आयोजन
हरेली तिहार पर किसानों को बड़ा उपहार: औषधि पौधों की खेती के लिए 54.36 लाख रुपये की अग्रिम प्रोत्साहन राशि वितरित
बलरामपुर और रामानुजगंज को जल्द मिलेगा बायपास की सौगात
डिप्लोमा पाठ्यक्रमों में प्रवेश के रजिस्ट्रेशन की अंतिम तिथि 11 अगस्त तक
छात्रवृत्ति स्वीकृति और जनसुनवाई को लेकर दिए सख्त निर्देश