घाटी से आई अच्छी खबर : श्रीनगर में कश्मीरी पंडितों ने निकाली भगवान कृष्ण की शोभायात्रा, मुस्लिम समुदाय के लोगों ने भी लिया हिस्सा

शेयर करें

नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर से केंद्र सरकार द्वारा हटाए गए आर्टिकल 370 के बाद से घाटी में हालात सुधरते नजर आ रहे हैं। बता दें कि जन्माष्टमी के मौके पर कश्मीर से कुछ ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं, जो बदलाव का सबूत देती हैं। बता दें कि कईं सालों के बाद घाटी में देखने को मिला है कि वहां कश्मीरी पंडितों ने जन्माष्टमी के मौके पर भगवान कृष्ण की शोभायात्रा निकाली और इसमें मुस्लिम समुदाय के लोगों ने भी हिस्सा लिया। बता दें कि श्रीनगर की सड़कों पर उस समय हिन्दू-मुस्लिम एकता की मिसाल देखने को मिली जब कश्मीरी पंडित समुदाय के लोगों ने भगवान कृष्ण की शोभायात्रा निकाली। इस शोभायात्रा में कश्मीरी पंडितों के साथ मुस्लिम समाज के भी लोगों ने बड़ी खुशी के साथ भाग लिया। इस शोभायात्रा का शहर के बीचो-बीच लाल चौक में समापन हुआ। इस दौरान लोग बेखौफ नजर आए और उनके चेहरे पर खुशी भी देखी गई। बता दें कि इस यात्रा में भगवान कृष्ण की फूलों से सजी झांकी निकाली गई।

इस यात्रा में मुस्लिम समुदाय के लोगों ने बढ़चढ़कर हिस्सा लिया। जन्माष्टमी के मौके पर हुए इस कार्यक्रम में भगवन कृष्ण के भक्ति संगीत पर कश्मीरी रिवायती नृत भी किया. हाथों में ढोलक और घंटियां लिए भगवान कृष्ण के कईं सौ भक्तों ने भजन गाकर इस शोभा यात्रा में भाग लिया। बता दें कि श्रीनगर के हब्बा कदल में स्थित कत्लेश्वर मंदिर से यह शोभायात्रा निकाली गई जोकि तकरीबन श्रीनगर शहर के मुख मोहल्लों से गुजरते हुए लाल चौक से निकाली गई। इस दौरान सुरक्षा के भी काफी पुख्ता इंतजाम किए गए थे।

जन्माष्टमी मनाने को लेकर एक वीडियो भी Youtube पर देखा गया है, जो कश्मीर के हंदवाड़ा का बताया जा रहा है। जिसमें लोग भगवान श्रीकृष्ण की शोभायात्रा निकालते दिख रहे हैं। वहीं वीडियो में कई मुस्लिम समाज के लोग भी खड़े हैं। वीडियो में लोग गाते और नाचते हुए राधे गोविंदा जप रहे हैं।

  • Related Posts

    प्रधानमंत्री का राष्ट्र के नाम संबोधन का मूल पाठ
    • April 18, 2026

    शेयर करें

    शेयर करेंदिल्ली // आज भारत का हर नागरिक देख रहा है कि कैसे भारत की नारी शक्ति की उड़ान को रोक दिया गया। उनके सपनों को बेरहमी से कुचल दिया…

    और पढ़ें
    गर्मी के मौसम में बिजली की मांग को पूरा करने के लिए उठाए गए कदम
    • March 30, 2026

    शेयर करें

    शेयर करेंदिल्ली // देश में बिजली की पर्याप्त उपलब्धता है। देश की वर्तमान स्थापित उत्पादन क्षमता (फरवरी, 2026 तक) 524 गीगावाट है। भारत ने अप्रैल, 2014 से 299.87 गीगावाट की…

    और पढ़ें

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *