लोकसभा चुनाव के लिए तारीखों की घोषणा हो गई है. मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने बताया कि लोकसभा चुनाव सात चरणों में होंगे और 543 सीटों के लिए 19 अप्रैल, 26 अप्रैल, सात मई, 13 मई, 20 मई, 25 मई व एक जून को मतदान होगा l इसके अलावा 26 विधानसभा सीटों के लिए उपचुनाव भी होंगे। लोकसभा चुनाव के लिए मतदान 19 अप्रैल से शुरू होकर 1 जून को खत्म होगा। सभी के नतीजे एक साथ चार जून को आएंगे। चार जून को मतगणना होगी l
राजीव कुमार ने कहा कि हमारी मतदाता सूची में 85 साल से अधिक उम्र के 82 लाख और सौ साल से अधिक उम्र के 2.18 लाख मतदाता शामिल हैं. 85 वर्ष से अधिक उम्र के जितने भी मतदाता हैं, उनके घर जाकर मतदान करवाया जाएगा. मौजूदा लोकसभा का कार्यकाल 16 जून को खत्म हो रहा है और नयी लोकसभा का गठन उससे पहले होना है.
4 राज्यों में विधानसभा चुनाव
आम चुनाव के साथ 4 राज्यों में विधानसभा चुनाव भी होंगे। आंध्र प्रदेश में 13 मई को चुनाव होंगे। सिक्किम और अरुणाचल में 19 अप्रैल को वोटिंग। ओडिशा में मतदान 13 मई से 4 चरणों में होंगे।
26 विधानसभाओं में होंगे उपचुनाव
हरियाणा, हिमाचल, झारखंड और यूपी समेत 26 विधानसभाओं में उपचुनाव होंगे।
इस बार 97 करोड़ वोटर्स
- मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने कहा कि देश में 96.8 करोड़ वोटर्स हैं और 10 लाख से ज्यादा बूथ वोटिंग के लिए होंगे। राजीव कुमार ने कहा कि हमारे देश के चुनाव पर पूरी दुनिया की नजर होगी।
- उन्होंने कहा कि इस बार 1.8 करोड़ मतदाता पहली बार वोट करेंगे और कुल 21.5 करोड़ युवा वोटर्स होंगे। पुरुष मतदाताओं की संख्या 49.7 करोड़ है।
चुनाव आयुक्त की बड़ी बातें…
- लोकसभा का कार्यकाल 16 जून तक है।
- अब पार्टियों को अपने उम्मीदवार का क्रिमिनल रिकॉर्ड बताना होगा। इसी के साथ यह भी बताना होगा कि उस उम्मीदवार को क्यों टिकट दिया गया और क्षेत्र से किसी और व्यक्ति को टिकट क्यों नहीं दिया गया।
- इस बार 85 साल से ऊपर के वोटर घर से वोट दे सकते हैं।
- चुनाव आयुक्त ने बताया कि महिला वोटर्स की संख्या में इजाफा हुआ है।
- कई क्षेत्रों में तो महिला वोटर्स की संख्या पुरुषों से ज्यादा है। वहीं, इस बार 85 लाख 85 लाख फर्स्ट टाइम महिला वोटर्स होंगे।
- हर जिले में एक कंट्रोल रूम होगा।
चुनाव एक पर्व और देश का गर्व
चुनाव आयुक्त ने कहा कि भारत में चुनाव एक पर्व और देश का गर्व है। उन्होंने कहा कि हमारी टीम चुनावों के लिए तैयारी है। हम दो साल से चुनाव की तैयारियां कर रहे थे।
फर्जी खबर फलाने वालो से सख्ती से निपटा जाएगा’
राजीव कुमार ने कहा कि आज के डिजिटल युग में गलत सूचना से निपटना जटिल है। हमने यह सुनिश्चित करने के लिए कुछ उपाय किए हैं कि गलत सूचना को शुरुआत में ही रोका जाए। हम फर्जी खबरों का खंडन करने में सक्रिय हैं। फर्जी खबरों के प्रवर्तकों से मौजूदा कानूनों के अनुसार सख्ती से निपटा जाएगा। मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि याद रखें कि किसी खबर को आगे बढ़ाने से पहले उसे सत्यापित करें। सही जानकारी सुनिश्चित करने के लिए आधिकारिक बयान पर भरोसा करें। सतर्क रहें और चुनावी प्रक्रिया की अखंडता बनाए रखने में हमारी मदद करें
चुनाव में अवैध धन गंभीर मामला’
मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि बाहुबल की तरह चुनाव में अवैध धन भी चुनावी प्रक्रिया के लिए गंभीर मामला है। अवैध धन के प्रवाह पर अंकुश लगाने के लिए, ईसीआई ने प्रवर्तन एजेंसियों के साथ व्यापक समीक्षा की। ईएसएम पोर्टल, एजेंसियों के बीच समन्वय जैसे उपायों के परिणामस्वरूप पिछले 11 चुनावों में बरामदगी में तेजी से वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि 2022-23 के चुनाव में 11 राज्यों में पांच साल पहले की तुलना में नकदी जब्ती 800% से अधिक बढ़कर 3,400 करोड़ रुपये हो गई। प्रवर्तन एजेंसियों को अवैध धन, शराब, ड्रग्स और मुफ्त वस्तुओं पर नकेल कसने और विघटनकारी तरीकों के प्रति सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है।
डीएम-एसपी को दिए गए सख्त निर्देश’
चुनावी प्रक्रिया में बाहुबल के अलोकतांत्रिक प्रभाव को रोकने के लिए कई उपाय किये गये हैं। समान अवसर सुनिश्चित करने के लिए डीएम और एसपी को सख्त निर्देश दिए गए। सीएपीएफ़ को पर्याप्त रूप से तैनात किया जाएगा और प्रत्येक जिले में एकीकृत नियंत्रण कक्षों द्वारा – सहायता प्रदान की जाएगी। निगरानी सुनिश्चित करने के लिए चेक पोस्ट और ड्रोन का इस्तेमाल किया जाएगा।
97 करोड़ वोटर्स, 1.80 करोड़ नए मतदाता जुड़े
2024 लोकसभा में 97 करोड़ लोग अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकेंगे। चुनाव आयोग ने 8 फरवरी को सभी 28 राज्यों और 8 केंद्र शासित प्रदेशों के मतदाताओं से जुड़ी स्पेशल समरी रिवीजन 2024 रिपोर्ट जारी की थी।












