सभी हिन्दू परिवारों के अपने घरो में शास्त्र और शस्त्र दोनों रखे : वेद प्रकाश महाराज

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जामुल // हिंदू नव वर्ष उत्सव समिति जामुल के द्वारा जामुल में भव्य नववर्ष उत्सव मनाया गया l नव वर्ष के प्रातः कालीन में सुबह 5:30 भगवा ध्वज हिंदू नव वर्ष के बैनर लेकर प्रभात फेरी कर नगर भ्रमण कर रावण भाटा हनुमान मंदिर में एकत्रित होकर हनुमान चालीसा का पाठ किया गया l संध्याकालीन कार्यक्रम जामुल बस्ती के संतोषी चौक के पास श्री राम भगवान के प्रतिमा के सामने भव्य मंचीय कार्यक्रम किया गया जिसमें जागृति मानस मंडली खेरधा के द्वारा भजन कीर्तन प्रस्तुत किया गया l
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में महंत वेद प्रकाश महाराज प्रांत सह संयोजक धर्मस्य विभाग विश्व हिंदू परिषद छत्तीसगढ़ एवं केदार राम साहू नगर संघ चालक जामुल के द्वरा भारत माता की पूजा अर्चना कर सामूहिक भारत माता की आरती की गई l समितियों दवरा महंत जी शास्त्र और शस्त्र भेट किये l

केदार साहू ने हिन्दू नव वर्ष की बधाई देते हुए इस दिन के एतिहासिक महत्व बताये हुए कहा की इस दिन के ब्रह्मा जी ने सृष्टि की रचना की थी, सम्राट विक्रमादित्य ने इसी दिन राज्य स्थापित किया। इन्ही के नाम से विक्रमी संवत का पहला दिन प्रारंभ होता है। भगवान विष्णु का प्रथम अवतार इसी दिन हुआ, प्रभू श्री राम के राज्याभिषेक इसी दिन हुआ था, शक्ति और भक्ति के नौ दिन अथर्थात नवरात्र का पहला दिन, युधिष्टिर का राज्याभिषेक इसी दिन हुआ, सिंध प्रांत के प्रसिध्द समाज रक्षक वरुणावतार संत झूलेलाल इसी दिन प्रकट हुए थे। सिख परम्परा के दितीय गुरु श्री अंगद देव जी के जन्म का इसी दिन हुआ, स्वामी दयानंद सरस्वती जी ने इसी दिन को आर्य समाज की स्थापना दिवस के रूप में चुना, महर्षि गौतम जन्म दिवस । राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के आद्य सर संघचालक डॉ. हेडगेवार जी का जन्म दिवस एवं राजस्थान दिवस मनाया जाता है l

महंत वेद प्रकाश जी ने अपने उद्बोधन में कहा की हिंदू नववर्ष और चैत्र नवरात्रि के अवसर पर, यह समय नवचेतना, संकल्प और सकारात्मक ऊर्जा के साथ जीवन को नई दिशा देने का है l यह भारतीय परंपरा और पंचांग से जुड़ा हुआ है, जो हमारी सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक है. हिंदू नववर्ष हमारे अद्वितीय इतिहास और समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर को दर्शाता है, जो वसुधैव कुटुंबकम् और अहिंसा परमो धर्मः जैसे मानवीय आदर्शों से प्रेरित है l उन्होंने नववर्ष के इस पावन अवसर पर सभी से यह संकल्प लेने की अपील की और कहा की सभी हिदू भाई बहनों के घरो शास्त्र और शस्त्र दोनों रहना चाहिए और अपनी सांस्कृतिक परंपराओं को न केवल अपनाएंगे, बल्कि उनकी हर स्थिति में रक्षा भी करेंगे l भारतीय सनातन संस्कृति ने सदैव पूरे देश को एकता के सूत्र में बांधा है. नई पीढ़ी आधुनिक तकनीकी प्रभावों के कारण अपनी जड़ों से दूर होती जा रही है, और इसे भारतीय संस्कृति से जोड़ना आज की सबसे बड़ी चुनौती है. इस कार्य की शुरुआत परिवार और समाज से ही होनी चाहिए l

समिति के संयोजक अशोक कुमार वर्मा द्वारा अतिथि स्वागत भाषण दिया गया कार्यक्रम के मंच संचालन राजेश सिन्हा के द्वारा किया गया के एवं आभार ईश्वर उपाध्याय द्वारा दिया गया l

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इस कार्यक्रम दिलेश्वर उमरे राष्ट्रीय स्वयसेवक विभाग सह कार्यवाह दुर्ग, नेतराम साहू जिला सामाजिक सद्भावना प्रमुख, पालिका अध्यक्ष जामुल ईश्वर ठाकुर, उपाध्यक्ष श्रीमती चेन्नेवार, पूर्व पालिका अध्यक्ष रेखराम बंछोर, मंडल अध्यक्ष प्रशांत गुप्ता, पार्षद चुम्मन वर्मा, गुल्ली साहू, समिति के सह सयोजक जोगेश्वर सोनी, जितेंद्र साहू, सुभाष पांचाल, आकाश सिह ठाकुर, जीवन साहू उमेश कुमार साहू विष्णु प्रसाद सिंह रमेश साहू लक्ष्मीकांत उपाध्याय संजय शर्मा, सोनू यादव, अनूप राय, सागर यादव, संजय शुक्ला, पुरुषोत्तम यादव, उत्तम देवांगन, उमेश निर्मलकर, रवि वैष्णव, राजेश यादव, शत्रुहन साहू, धुरु देवांगन,बाली बर्मन, बिसेस्वर वर्मा, लल्लन सिह, सुरेश मानिकपुरी, योगेश यादव, पुनीत साहू, ओमप्रकाश साहू, एवं समस्त नगर वासी उपस्थित रहे l

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