दुर्ग // दुर्ग जिले के विभिन्न थाना एवं चौकी क्षेत्रों में आबकारी अधिनियम के तहत जप्त ऐसी मदिरा, जो न्यायालयीन प्रक्रिया पूर्ण होने के पश्चात मानव उपभोग के लिए अनुपयुक्त पाई गई, उसके विधिवत थाना परिसर जामुल में नष्टीकरण की कार्रवाई 04 अगस्त को संपन्न की गई।
न्यायालयीन आदेशों एवं प्रचलित वैधानिक प्रावधानों के अनुरूप जप्त मदिरा को कलेक्टर द्वारा गठित नष्टीकरण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया गया। समिति द्वारा परीक्षण एवं अनुमोदन उपरांत निर्धारित प्रक्रिया का पालन करते हुए जप्त मदिरा का वैज्ञानिक एवं सुरक्षित तरीके से नष्टीकरण कराया गया।

इस कार्रवाई के अंतर्गत कुल 112 प्रकरणों में जप्त 5480.082 बल्क लीटर मानव उपभोग के लिए अनुपयुक्त मदिरा, जिसका वर्तमान अनुमानित बाजार मूल्य लगभग ₹45 लाख है, का विधिवत निस्तारण किया गया। इस कार्रवाई का उद्देश्य न्यायालयीन आदेशों का प्रभावी पालन सुनिश्चित करना, जप्त सामग्री का सुरक्षित निस्तारण करना तथा किसी भी प्रकार से उक्त मदिरा के पुनः अवैध उपयोग अथवा दुरुपयोग की संभावना को पूर्णतः समाप्त करना है।
दुर्ग पुलिस एवं संबंधित विभागों द्वारा संयुक्त रूप से यह कार्रवाई निर्धारित वैधानिक प्रक्रिया, पारदर्शिता एवं सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए संपन्न कराई गई, जिससे जप्त मदिरा का विधिसम्मत एवं सुरक्षित निस्तारण सुनिश्चित हो सका।
उक्त कार्रवाई नगर पुलिस अधीक्षक छावनी, थाना प्रभारी जामुल, नायब तहसीलदार, आबकारी उपनिरीक्षक तथा पुलिस एवं आबकारी विभाग के अन्य अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति में संपन्न कराई गई।






